IND vs ENG U19 World Cup Final: वैभव सूर्यवंशी का तूफान, भारत ने इंग्लैंड को रौंदकर छठी बार जीता विश्व कप खिताब

ICC Under-19 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में भारत ने इंग्लैंड को 100 रनों से हराकर छठी बार खिताब जीता। वैभव सूर्यवंशी की 175 रनों की ऐतिहासिक पारी और गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन की पूरी जानकारी यहाँ पढ़ें।

IND vs ENG U19 World Cup Final: वैभव सूर्यवंशी का तूफान, भारत ने इंग्लैंड को रौंदकर छठी बार जीता विश्व कप खिताब

हरारे, जिम्बाब्वे: भारतीय क्रिकेट के युवा सितारों ने एक बार फिर दुनिया में अपना लोहा मनवाया है। शुक्रवार को हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेले गए ICC अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 के हाई-वोल्टेज फाइनल मुकाबले में भारत ने इंग्लैंड को 100 रनों के विशाल अंतर से हरा दिया। इस ऐतिहासिक जीत के साथ ही टीम इंडिया ने रिकॉर्ड छठी बार अंडर-19 विश्व कप की ट्रॉफी अपने नाम की है।

वैभव सूर्यवंशी की ऐतिहासिक पारी (175 रन, 80 गेंद)

टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत शानदार रही। हालांकि ओपनर एरोन जॉर्ज (9) जल्दी आउट हो गए, लेकिन 14 वर्षीय युवा सनसनी वैभव सूर्यवंशी ने मैदान पर उतरते ही तबाही मचा दी। वैभव ने मात्र 80 गेंदों में 175 रनों की तूफानी पारी खेली, जिसमें 15 गगनचुंबी छक्के और 15 चौके शामिल थे। उन्होंने केवल 55 गेंदों में अपना शतक पूरा किया, जो अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल के इतिहास की सबसे यादगार पारियों में से एक बन गई है।

भारत का विशाल स्कोर (411/9)

वैभव का साथ कप्तान आयुष म्हात्रे ने बखूबी निभाया, जिन्होंने 51 गेंदों में 53 रनों की संयमित पारी खेली। मध्यक्रम में वेदांत त्रिवेदी (32) और विहान मल्होत्रा (30) ने रनों की गति को बनाए रखा। अंत में अभिज्ञान कुंडू (40) और कनिष्क चौहान (नाबाद 37) की तेजतर्रार बल्लेबाजी की बदौलत भारत ने निर्धारित 50 ओवरों में 9 विकेट खोकर 411 रनों का पहाड़ जैसा स्कोर खड़ा किया। यह अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल के इतिहास का सबसे बड़ा स्कोर है।

इंग्लैंड की ओर से जेम्स मिंटो ने सर्वाधिक 3 विकेट लिए, जबकि सेबेस्टियन मॉर्गन और एलेक्स ग्रीन को 2-2 सफलताएं मिलीं।

इंग्लैंड की चुनौती और कैलेब फॉल्कनर का जुझारू शतक

412 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम शुरुआत से ही दबाव में दिखी। भारतीय गेंदबाजों ने सटीक लाइन-लेंथ से इंग्लिश बल्लेबाजों को बांधे रखा। हालांकि, कैलेब फॉल्कनर ने एक छोर संभालते हुए आक्रामक बल्लेबाजी की और मात्र 67 गेंदों में 115 रनों की पारी खेलकर मैच में जान फूंकने की कोशिश की। लेकिन दूसरे छोर से किसी भी बल्लेबाज का साथ न मिलने के कारण इंग्लैंड की टीम 40.2 ओवरों में 311 रनों पर ढेर हो गई।

भारतीय गेंदबाजों का जलवा

भारत की ओर से गेंदबाजों ने सामूहिक प्रदर्शन किया। दीपेश देवेंद्रन और आरएस अम्बरीष ने महत्वपूर्ण समय पर विकेट चटकाकर इंग्लैंड की कमर तोड़ दी। कनिष्क चौहान ने अंतिम विकेट लेकर भारत की जीत पर मुहर लगाई। भारत ने यह मैच 100 रनों से जीतकर विश्व रिकॉर्ड कायम किया।

भारत की बादशाहत बरकरार

भारत ने इससे पहले 2000, 2008, 2012, 2018 और 2022 में यह खिताब जीता था। अब 2026 में छठी बार चैंपियन बनकर टीम इंडिया ने साबित कर दिया है कि जूनियर स्तर पर उनकी बादशाहत को चुनौती देना नामुमकिन है।